कोरोनावायरस / जम्मू-कश्मीर के श्रीनगर में संक्रमण का पहला मामला सामने आया, पब्लिक ट्रांसपोर्ट पर कल से बैन

जम्मू-कश्मीर के श्रीनगर में बुधवार को कोरोनावायरस का पहला मामला सामने आया। इसके बाद संक्रमित को तुरंत आइसोलेट कर दिया गया है और 300 मीटर के इलाके में निगरानी की जा रही है। सरकार ने बताया कि इस मरीज की ट्रैवल हिस्ट्री से पता चला है कि वह 16 मार्च को कश्मीर आया था।


पहला केस सामने आने के बाद सरकार ने गुरुवार से पब्लिक ट्रांसपोर्ट और भीड़ के जमा होने पर पाबंदी लगा दी गई। गवर्नर के प्रवक्ता रोहित कंसल ने बताया कि संक्रमण से निपटने के लिए हम सभी ऐहतियाती कदम उठा रहे हैं।


दो रिपोर्ट में संक्रमण की पुष्टि हुई


अधिकारियों के मुताबिक, श्रीनगर के खानयार इलाके में 67 वर्षीय महिला कोरोना पॉजिटिव पाई गई है। श्रीनगर के एसकेआईएमएस अस्पताल के एक डॉक्टर ने बताया कि यह महिला 16 मार्च को सऊदी अरब से लौटी थी। महिला वहां उमरा के लिए गई थी। जब महिला की जांच की गई तो दो रिपोर्ट में संक्रमण की पुष्टि हुई। पुणे की लैब में भेजे गए सैंपल भी पॉजिटिव पाए गए। सरकार ने लोगों से सहयोग की अपील की है। साथ ही कहा है कि अगर किसी में कोरोना जैसे लक्षण पाए जाते हैं तो वह खुद ही सामने आकर इसकी जानकारी दें।


लेह में पर्यटकों के आने पर प्रतिबंध, जम्मू-कश्मीर में सार्वजनिक वाहन बैन
संक्रमण की आशंका के चलते जम्मू-कश्मीर में विदेशी पर्यटकों की एंट्री पर बैन लगा दिया गया है। यह रोक अगले आदेश तक जारी रहेगी। इसके अलावा सार्वजनिक यात्री वाहनों और बस सेवा पर भी प्रतिबंध लगाया गया है। लोगों से अपील की गई है कि धार्मिक स्थलों पर वे भीड़ इकट्ठा ना करें। केंद्र शासित प्रदेश लद्दाख में अब तक कोरोना के 6 मामले सामने आए हैं। यहां एक जवान में भी संक्रमण पाया गया। यहां धारा 144 लागू करने के साथ 30 अप्रैल तक घरेलू और विदेशी पर्यटकों के आने पर रोक लगा दी गई है।


19 मार्च को रात 8 बजे देश को संबोधित करेंगे मोदी


20 सांसदों वाली एक संसदीय समिति ने बुधवार को परिवहन, पर्यटन और उड्डयन विभाग की बैठक की। इसमें कोरोना से लड़ने के लिए उठाए गए कदमों की समीक्षा की गई। हालांकि, इस बैठक में रेलवे बोर्ड के चेयरमैन को अधूरी तैयारियों और खराब प्रेजेंटेशन के लिए फटकार भी लगाई गई। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी संक्रमण के मद्देनजर उच्चस्तरीय बैठक की।